यूपी में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव 2026 की तैयारी शुरू
लखनऊ 28 अगस्त (वार्ता) उत्तर प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव 2026 की तैयारी पंचायती राज विभाग ने शुरू कर दी है। इस बाबत पंचायती राज विभाग ने वर्ष-2021 में सम्पन्न हुए चुनाव के बाद संगठित ग्राम पंचायतों के कार्यकाल 2026 में समाप्त होने को देखते हुए समाप्ति संबंधी प्रस्ताव शासन को भेज दिया है जबकि शासन स्तर से निर्वाचन प्रक्रिया सम्पन्न होने तक नगरीय निकायों के सृजन/सीमा विस्तार पर रोक लगाये जाने को लेकर पंचायती राज विभाग ने नगर विकास से अपील की है।
निदेशक पंचायतीराज अमित कुमार सिंह ने बताया कि त्रिस्तरीय पंचायत निर्वाचन, 2026 की प्रक्रिया आरम्भ हो चुकी है। वर्ष 2021 में पंचायत निर्वाचन सम्पन्न होने के उपरान्त नगरीय निकायों के सृजन / सीमा विस्तार के कारण प्रभावित ग्राम पंचायतों / राजस्व ग्रामों के आंशिक पुनर्गठन किये जाने सम्बन्धी शासनादेश को जारी किया गया है। इसके अंतर्गत आने वाले 37 जिलों में आंशिक पुनर्गठन से सम्बन्धित समस्त कार्यवाही पूर्ण कर विवरण शासन को उपलब्ध करा दिया गया है।इस प्रक्रिया में 58195 ग्राम पंचायतों में से 512 ग्राम पंचायतें के नगर निकायों के सीमा विस्तार के फलस्वरूप समाप्त होने एवं 9 ग्राम पंचायतें नव सृजित होने सहित दो वन टंगिया ग्रामों को ग्राम पंचायतों के रूप में अधिसूचित किये जाने के कारण वर्तमान में प्रदेश में 57694 ग्राम पंचायतें अस्तित्व में है।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार आंशिक पुर्नगठन के फलस्वरूप प्रभावित ग्राम पंचायतों एवं क्षेत्र पंचायतों (विकास खण्ड) की श्रेणीवार संशोधित जनसंख्या सम्बन्धी आंकडे जनपदों के जिलाधिकारी द्वारा उपलब्ध करा दिया गया है।
त्रिस्तरीय पंचायतों के प्रादेशिक निर्वाचन क्षेत्रों (वार्डों) का आंशिक प्रभावित ग्राम पंचायतों के परिसीमन किये जाने सम्बन्धी दिशा-निर्देश शासनादेश जारी किये गये है। इसके सापेक्ष आंशिक प्रभावित वार्डों के परिसीमन की कार्यवाही पूरी करते हुए आपत्तियां प्राप्त कर उनके निस्तारण उपरान्त प्रभावित वार्डों के गठन की कार्यवाही की जा रही है।
अमित कुमार सिंह ने बताया कि नगरीय निकायों के सृजन / सीमा विस्तार के फलस्वरूप आंशिक रूप से प्रभावित 39 जिलों में परिसीमन की कार्यवाही पूरी कर सभी जिलाधिकारियों को भेजा गया है। जिनमे आज तक 47 जिलों से परिसीमन सम्बन्धी अभिलेख प्राप्त हो गये है। शेष 28 जिलों आगरा, औरैया, बागपत, बहराइच, बलिया, भदोही, बंदायू, फिरोजाबाद, गाजियाबाद, झांसी, कानपुर देहात, कासगंज, कौशाम्बी, कुशीनगर, महाराजगंज, मऊ, मिर्जापुर, मुरादाबाद, पीलीभीत, प्रतापगढ, प्रयागराज, रायबरेली, रामपुर, सहारनपुर, सन्तकबीरनगर, सीतापुर, सोनभद्र, सुलतानपुर से परिसीमन सम्बन्धी रिकार्ड भेजने का निर्देश दिया गया है।
गौरतलब है कि वर्ष 2021 में निर्वाचित त्रिस्तरीय पंचायतों प्रतिनिधियों में शामिल ग्राम पंचायत प्रधान का कार्यकाल 26 मई 2026 को व क्षेत्र पंचायत प्रमुख का कार्यकाल 19 जुलाई 2026 एवं जिला पंचायत अध्यक्षों का कार्यकाल 11 जुलाई 2026 को समाप्त हो रहा है।
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